



शिमला/विवेकानंद वशिष्ठ :- सम्मेलन की शुरुआत जिला अध्यक्ष प्रताप राणा ने सीटू का झंडा फहराने से की उसके उपरांत शहीद वेदी पर फूल अर्पित करने के साथ की l सम्मेलन का उद्घाटन सीटू के राज्य अध्यक्ष विजेन्द्र मेहरा ने किया l अपने संबोधन में उन्होंने मोदी सरकार के मजदूर विरोधी चेहरे को बेनकाब किया l

उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने देश की मेहनतकश जनता को बंधुआ मजदूरी में बदलने के मकसद से मजदूरों की सुरक्षा के लिए बने 44 श्रम कानूनों को समाप्त करके नयी श्रम संहिताओं का गठन किया है जिसका देश के मजदूर ने कड़ा विरोध किया है और आगे भी जब तक इन श्रम संहिताओं को बदला नहीं जाता है तब तक लड़ाई लड़ने की आवश्यकता है



l उसके उपरांत सीटू के जिला सचिव जोगिंदर कुमार ने तीन सालों की रिपोर्ट सम्मेलन प्रस्तुत की l रिपोर्ट पर बारह लोगों ने चर्चा की l सीटू के राष्ट्रीय सचिव डॉ कश्मीर ने नयी कमेटी का प्रस्ताव रखा और सम्मेलन का मार्गदर्शन किया l



सम्मेलन में मंहगाई के विरोध में, साम्प्रदायिकता के विरोध में, नयी श्रम संहिताओं के विरोध में, मनरेगा के संबंध में प्रस्ताव पारित किये गये और संघर्ष चलाने का आह्वान किया l
सम्मेलन में 22 सितंबर को निर्माण मजदूरों के मसलों को लेकर श्रम कल्याण बोर्ड राज्य मुख्यालय पर विशाल प्रदर्शन करने का फैसला लिया गया l

सम्मेलन में संतोष कुमार को अध्यक्ष और जोगिंदर कुमार को महासचिव चुना गया l प्रताप राणा, कुलदीप, राज कुमारी को उपाध्यक्ष व रंजन शर्मा, ब्रह्मा दास, नवीन कुमार को सचिव चुना गया l सम्मेलन में 35 सदस्यीय समिति का चुनाव किया और आने वाले समय में जिला में मजदूर आंदोलनों को और तेज करने का संकल्प लिया l
















Total Users : 115233
Total views : 173953