जी राम जी योजना के माध्यम से भारत को 2047 विकसित बनाना: विनोद ठाकुर

हमीरपुर/विवेकानंद वशिष्ठ:- वि बि – जी राम जी का विरोध कर कांग्रेस और उनके नेता देश भर में अपने आप को हंसी का पत्र बना रहे हैं कांग्रेस ने हमेशा जनता के समक्ष अधूरा ज्ञान ही दिया है और यही कारण है कि कई प्रदेशों में उनका एक भी सीट पर खाता नहीं खुल पता है इसी कारण वर्ष कांग्रेस अपने पतन की ओर अग्रसर है यह बात प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से जिला प्रवक्ता विनोद ठाकुर ने कहीं।

 

 

1950 से लेकर 2009 तक आठ बार योजना के नाम और नीतियों में बदलाव हुए क्या कांग्रेस उसे समय कुंभकरण निद्रा में सोई हुई थी 

 

उन्होंने कहा कि विकसित भारत गारंटी का रोजगार और आजीविका मिशन ग्रामीण एक्ट 2025 जिसे वि बि – जी राम जी के नाम से संबोधन दिया जाता है यह भारत को 2047 तक विकसित भारत बनाने में अहम भूमिका निभाएगा इस योजना का नाम और उसके कानून में बदलाव और पुनः निरीक्षण कोई पहली बार नहीं हो रहा है।

 

भाजपा की उन्नति योजनाओं के कारण ही कांग्रेस के 6 दशकों के विकास से अधिक विकास और उन्नति भाजपा ने एक दशक में कर दिखाई

 

1950 के बाद 2009 तक आठ बार कानून में बदलाव किए जा सकते हैं महात्मा गांधी के नाम को लेकर जो कांग्रेस और धरना विरोध कर रही है वह जनता को यह बताना क्यों भूल जाती है कि 2009 से पहले इस योजना के नाम अलग-अलग रहे 2005 में इस योजना का नाम नरेगा था और 2009 में कांग्रेस ने महात्मा गांधी का नाम जोड़कर इसका नाम मनरेगा किया।

 

2009 से पहले क्या उन्हें महात्मा गांधी की याद नहीं आई विनोद ठाकुर ने तंज करते हुए कहा कि कांग्रेस को पीड़ा इस बात की हैं कि 6 दशकों में कांग्रेस यूपीए भारत देश में उतना विकास नहीं कर पाई उससे पांच गुना ज्यादा एक ही दशक में काम करके भाजपा ने दिखाया है।

 

 

 

जिसका जीता जागता सबूत भारत की अर्थव्यवस्था की जगह विश्व में चौथे स्थान पर होना है। वि बि – जी राम जी में बदलाव और पुन निरीक्षण से कांग्रेस की पीड़ा साफ झलकती है जहां मनरेगा में अगर 100 दिन का रोजगार प्रावधान देती थी वह बढ़कर 125 दिन हो गए हैं दुख की बात यह थी कांग्रेस यूपीए के 100 दिन के रोजगार प्रावधान में भी 50.5% ही रोजगार मिलता था और अब 125 दिन का रोजगार मिलेगा और और 125 दिन का रोजगार अगर किसी कारणवश नहीं मिल पाता है तो जनता को बेरोजगारी भत्ता मिलेगा और पेमेंट मिलने में किसी भी प्रकार का विलंब होता है।

 

 

तो 15 दिन के बाद जुर्माना भी लगेगा और हर 6 महीने में एक बार सोशल ऑडिट भी होना अनिवार्य होगा भारत को 2047 में विकसित भारत बना है तो डिजिटल योजना का होना बड़ा जरूरी है उसके लिए अब 6% एडमिनिस्ट्रेटिव एक्सपेंडिचर को बढ़ाकर 9% किया गया है।

 

 

हिमाचल प्रदेश को इस योजना में मिली सबसे बड़ी सौगात अन्य बड़े प्रदेशों के 60:40 मुकाबले हिमाचल प्रदेश का अनुपात 90:10 यानी 90% केंद्र सरकार का और 10% राज्य सरकार का अनुपात रहेगा विनोद ठाकुर ने कहा कांग्रेस की योजनाओं और नीतियों का क्या आधार और कितना सहयोग भारत का विकसित भारत बनाने में रहा है।

 

 

उसके लिए कांग्रेस और भाजपा के इन आंकड़ों पर जाना चहिए उन्होंने 2005 -14 तक कांग्रेस यूपीए में 213120 करोड रुपए खर्च किए तो वहीं भारतीय जनता पार्टी ने 2014 – 25 तक बीजेपी एनडीए ने 853810 करोड रुपए इस योजना में खर्च किए तो इससे भाजपा और कांग्रेस की नियत और नीति दोनों ही साफ दिखाई देती है ।