



हमीरपुर/विवेकानंद वशिष्ठ :- हिमाचल प्रदेश सरकार ने उच्च शिक्षा के क्षेत्र में एक और बड़ा निर्णय लिया है। हमीरपुर जिला के हमीरपुर और नादौन डिग्री कॉलेज में अगले शैक्षणिक सत्र से एमबीए और एमसीए पाठ्यक्रम शुरू किया जाएगा।

प्रदेश सरकार ने सेल्फ फाइनेंसिंग स्कीम के तहत दी मंजूरी




उच्च शिक्षा विभाग के प्रस्ताव को मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू जी के निर्देश पर सरकार ने मंजूरी दे दी है। ये कोर्स आगामी शैक्षणिक सत्र से स्व-वित्त पोषण (Self Financing Scheme) के तहत संचालित किए जाएंगे।






अगले शैक्षणिक सत्र से बैठेंगी दोनों विषयों की कक्षाएं



उच्च शिक्षा विभाग ने नेता जी सुभाष चंद्र बोस मेमोरियल डिग्री कॉलेज हमीरपुर व सिद्धार्थ डिग्री कॉलेज नादौन में दोनों विषय शुरू करने की अधिसूचना जारी कर दी है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि इन पाठ्यक्रमों के संचालन के लिए किसी भी प्रकार की वित्तीय सहायता उपलब्ध नहीं करवाई जाएगी। साथ ही, स्व-वित्त पोषण योजना के तहत नियुक्त किए जाने वाले कर्मचारियों के किसी भी दावे की जिम्मेदारी भी सरकार या विभाग की नहीं होगी।
जारी निर्देशों में कहा गया है कि इन कोर्सों को शुरू करने की अनुमति सभी आवश्यक औपचारिकताओं को पूरा करने की शर्त पर दी गई है। संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने और विभाग को इसकी सूचना देने के निर्देश दिए गए हैं।
सरकार के इस फैसले से हमीरपुर जिला के विद्यार्थी प्रबंधन और कंप्यूटर शिक्षा की पढ़ाई स्थानीय स्तर पर ही कर सकेंगे। युवा कांग्रेस और एनएसयूआई पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने हमीरपुर व नादौन डिग्री कॉलेज में एमबीए और एमसीए कक्षाएं शुरू करने की मांग मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू जी के समक्ष उठाई थी।



युकां व एनएसयूआई ने जताया आभार


युकां नेताओं अशोक संधू, अजय अत्री, मोंटी संधू, डिंपल कटोच, एनएसयूआई कार्यकर्ता विकास परमार, साहिल, शौर्य ठाकुर, आर्यन, रिश्व, मोहित, आदित्य इत्यादि ने दोनों कॉलेज में एमबीए व एमसीए को सेल्फ फाइनेंस स्कीम के तहत शुरू करने के लिए मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू का आभार जताया है।


















