



बिझड़ी/हमीरपुर:- लघु उद्यमियों और महिला उद्यमियों को मार्केटिंग, बिजनेस प्लानिंग और बाजार से संबंधित अन्य महत्वपूर्ण पहलुओं से अवगत करवाने के लिए उद्योग विभाग ने सोमवार को रैम्प प्रोजेक्ट के तहत यहां बीडीओ कार्यालय परिसर में स्थित बीडीसी के हॉल में एक कार्यशाला आयोजित की। बीडीओ राजेश कुमार की अध्यक्षता में आयोजित इस कार्यशाला में उद्यमियों को मार्केटिंग और बिजनेस प्लानिंग से संबंधित कई महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं।

उद्योग विभाग ने रैम्प प्रोजेक्ट के तहत आयोजित की कार्यशाला




कार्यशाला के मुख्य वक्ता हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय के डॉ. अमित कुमार ने प्रतिभागियों को डिजिटल मार्केटिंग के विभिन्न पहलुओं, सोशल मीडिया प्लेटफार्म्स के उपयोग, ऑनलाइन ब्रांड निर्माण, ग्राहक पहुंच बढ़ाने तथा डिजिटल माध्यमों के जरिए व्यवसाय विस्तार की संभावनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान की।







साथ ही जीईएम पोर्टल पर पंजीकरण प्रक्रिया, उत्पाद सूचीकरण, सरकारी विभागों को वस्तुओं एवं सेवाओं की आपूर्ति तथा उपलब्ध व्यावसायिक अवसरों पर भी विस्तार से चर्चा की।



उन्होंने कहा कि वर्तमान डिजिटल युग में छोटे उद्यमियों एवं ग्रामीण उत्पादकों के लिए ऑनलाइन प्लेटफार्म्स और सरकारी ई-मार्केटप्लेस ने नई संभावनाओं के द्वार खोले हैं। डिजिटल तकनीकों को अपनाकर स्थानीय उत्पादों को व्यापक बाजार तक पहुंचाया जा सकता है तथा स्वरोजगार एवं उद्यमिता को बढ़ावा दिया जा सकता है।




कार्यशाला के आयोजन के लिए उद्योग विभाग और रैम्प प्रोजेक्ट के अधिकारियों की सराहना करते हुए बीडीओ राजेश कुमार ने उद्यमियों से मार्केटिंग की आधुनिक प्रक्रियाओं को अपनाने की अपील की।


रैम्प प्रोजेक्ट के वरिष्ठ प्रबंधक अश्वनी शर्मा, उद्योग प्रसार अधिकारी मनदीप सिंह और अन्य अधिकारियों ने भी उद्यमियों का मार्गदर्शन किया। कार्यशाला के दौरान महिला स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों की प्रदर्शनी भी लगाई गई।
इस अवसर पर एनआरएलएम के मिशन प्रबंधक शुभम कुमार, रैम्प प्रोजेक्ट के प्रबंधक नवीन कुमार, एग्जीक्यूटिव विनय कुमार और अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।


















