बारात चलने से पहले, उठी पिता की अर्थी, बेटे के सिर  सेहरा सजने से पहले पसरा मातम 

हमीरपुर/विवेकानंद वशिष्ठ:-  हमीरपुर जिले के बालू गांव से एक बेहद दर्दनाक और दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ इकलौते बेटे की शादी की खुशियाँ पल भर में मातम में बदल गईं।

 

बालू गांव के रहने वाले 52 वर्षीय केवल पठानिया के बेटे विशाल की शादी की तैयारियाँ पूरे ज़ोरों पर थीं और घर में मेहमानों का जमावड़ा था।

 

मेहंदी की रस्म के दौरान केवल पठानिया की अचानक तबीयत बिगड़ गई। परिजन उन्हें तुरंत मेडिकल कॉलेज ले गए, जहाँ से गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें डॉ. राजेंद्र प्रसाद मेडिकल कॉलेज (टांडा) रैफर किया गया। अफसोसजनक रूप से, इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया।

 

जिस 13 अगस्त को पिता अपने इकलौते बेटे की बारात धूमधाम से ले जाने का सपना देख रहे थे, उसी दिन उनकी अर्थी उठी। इस अचानक आई विपदा के बीच दोनों परिवारों ने समझदारी दिखाते हुए बेहद गमगीन माहौल में एक स्थानीय मंदिर में शादी की संक्षिप्त रस्म निभाई, जहाँ दूल्हे ने दुल्हन को मंगलसूत्र पहनाया और दुल्हन अपने मायके लौट गई। भारी बारिश और अश्रुपूरित आँखों के बीच पिता का अंतिम संस्कार किया गया, जिससे पूरा क्षेत्र शोक में डूब गया है।

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