



नादौन/हमीरपुर:- कांग्रेस नेता डॉ. पुष्पेंद्र वर्मा ने विधायक डॉ. जनक राज द्वारा नादौन क्षेत्र में कथित रूप से बिना आवश्यक अनुमति स्वास्थ्य जांच शिविर आयोजित करने के प्रयास पर सवाल उठाते हुए कहा कि जनप्रतिनिधियों से कानून और निर्धारित प्रक्रियाओं के पालन की अपेक्षा सबसे अधिक होती है। नियमों की अनदेखी कर बाद में स्वयं को पीड़ित के रूप में प्रस्तुत करना उचित नहीं है।

डॉ. वर्मा ने कहा कि डॉ. जनक राज स्वयं लंबे समय तक सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े रहे हैं और आईजीएमसी जैसे प्रतिष्ठित संस्थान में जिम्मेदार पद पर रह चुके हैं। ऐसे में उन्हें भली-भांति जानकारी होनी चाहिए कि स्वास्थ्य शिविर आयोजित करते समय संबंधित स्वास्थ्य अधिकारियों को सूचित करने तथा लागू नियमों और आवश्यक अनुमतियों का पालन करना होता है। यदि नादौन में शिविर लगाने की इच्छा थी तो निर्धारित प्रक्रिया पूरी करने में क्या कठिनाई थी?



उन्होंने कहा, “हमने स्वयं वर्षों में अनेक स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए हैं और हमेशा संबंधित मुख्य चिकित्सा अधिकारी तथा स्वास्थ्य विभाग की निर्धारित प्रक्रिया का पालन किया है। डॉक्टर होने के नाते हमें व्यवस्था और चिकित्सा संबंधी नियमों का सम्मान करना चाहिए।”






डॉ. वर्मा ने कहा कि नादौन सिविल अस्पताल में इस समय दस से अधिक विशेषज्ञ चिकित्सक अपनी सेवाएं दे रहे हैं और निकट ही डॉ. राधाकृष्णन राजकीय मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में भी विशेषज्ञ चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध हैं।


ऐसे में स्वास्थ्य सेवा के नाम पर राजनीतिक प्रदर्शन करने के बजाय जहां विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाओं की वास्तविक आवश्यकता अधिक है, वहां प्रयास किए जाने चाहिए।



उन्होंने कहा कि डॉ. जनक राज जनजातीय एवं दुर्गम भरमौर क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हैं। “यदि वास्तव में सेवा की भावना है तो भरमौर और पांगी जैसे दुर्गम क्षेत्रों में नियमित स्वास्थ्य शिविर आयोजित करने की पहल की जानी चाहिए।


वहां की भौगोलिक परिस्थितियां कठिन हैं और लोगों तक विशेषज्ञ चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाने की आवश्यकता भी अधिक रहती है। संबंधित स्वास्थ्य अधिकारियों से अनुमति लेकर वहां नियमित कैंप लगाएं तो उसका वास्तविक लाभ जनता को मिलेगा।”
डॉ. वर्मा ने आरोप लगाया कि डॉ. जनक राज लंबे समय से चिकित्सा सेवा से जुड़े अवसरों को प्रचार का माध्यम बनाने की कोशिश करते रहे हैं। कभी सड़क किनारे मरीज देखने की तस्वीरें और कभी अन्य घटनाओं के फोटो सोशल मीडिया पर डालकर सुर्खियों में बने रहने का प्रयास किया जाता है।
“जनसेवा कैमरे और सुर्खियों के लिए नहीं, बल्कि व्यवस्था के भीतर रहकर जनता को वास्तविक लाभ पहुंचाने के लिए होनी चाहिए।”
उन्होंने कहा कि एक निर्वाचित विधायक और वरिष्ठ चिकित्सक से अपेक्षा है कि वह कानून एवं स्वास्थ्य विभाग की प्रक्रियाओं का सम्मान करते हुए उदाहरण प्रस्तुत करे। “नादौन में राजनीतिक तमाशा खड़ा करने के बजाय डॉ. जनक राज अपने विधानसभा क्षेत्र के दुर्गम इलाकों में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने पर ध्यान दें।

चार वर्ष राजनीतिक नौटंकी में निकालने के बजाय शेष समय जनता की वास्तविक समस्याओं के समाधान में लगाएं।”

















