



हमीरपुर/विवेकानंद वशिष्ठ:- अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय इकाई द्वारा अपनी विभिन्न मांगों को लेकर लगातार नौवें दिन भी धरना-प्रदर्शन एवं भूख हड़ताल जारी रही। रक्षाबंधन के पावन अवसर पर भी विद्यार्थी अपनी मांगों को लेकर आंदोलन स्थल पर डटे रहे।


विद्यार्थी परिषद का कहना है कि रक्षाबंधन भाई-बहन के पवित्र प्रेम और विश्वास का प्रतीक है। आंदोलन के चलते भूख हड़ताल पर बैठे कई विद्यार्थी अपने घर नहीं जा सके, जिसके कारण उनकी बहनें भी अपने भाइयों की कलाई पर राखी बांधने का इंतजार करती रहीं।



इसी भावना को देखते हुए विश्वविद्यालय में अध्ययनरत छात्राओं ने आंदोलन स्थल पर पहुंचकर भूख हड़ताल पर बैठे विद्यार्थियों को राखी बांधी और उनके स्वस्थ एवं दीर्घायु जीवन की कामना की। इस दौरान आंदोलन स्थल पर भावुक माहौल देखने को मिला।






विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता दीक्षित ने कहा कि परिषद की मांगें पूरी तरह स्पष्ट और विद्यार्थियों के हित से जुड़ी हुई हैं। हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय में लंबे समय से कुलपति का पद रिक्त है, इसलिए विश्वविद्यालय में शीघ्र स्थायी कुलपति की नियुक्ति की जाए।


इसके साथ ही विश्वविद्यालय वर्तमान में सेल्फ-फाइनेंस मॉडल पर संचालित हो रहा है। विद्यार्थी परिषद की मांग है कि प्रदेश सरकार द्वारा विश्वविद्यालय को पर्याप्त वित्तीय सहयोग एवं आवश्यक बजट उपलब्ध करवाया जाए, ताकि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं मिल सकें।



उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन के दिन भूख हड़ताल पर बैठे विद्यार्थी अपनी बहनों को यह विश्वास दिलाना चाहते हैं कि यह संघर्ष केवल आज की मांगों के लिए नहीं, बल्कि विश्वविद्यालय के बेहतर भविष्य के लिए है।


उन्होंने कहा कि जिस दिन विश्वविद्यालय में स्थायी कुलपति की नियुक्ति होगी और विद्यार्थियों की जायज मांगें पूरी होंगी, वही इस विश्वविद्यालय में पढ़ने वाली सभी बहनों के लिए विद्यार्थी परिषद की ओर से रक्षाबंधन का वास्तविक तोहफा होगा।
विद्यार्थी परिषद ने स्पष्ट किया कि जब तक विद्यार्थियों की जायज मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन को मजबूती के साथ जारी रखा जाएगा।
परिषद ने प्रदेश सरकार एवं विश्वविद्यालय प्रशासन से मांग की है कि विद्यार्थियों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र वार्ता कर समाधान निकाला जाए।


















