राष्ट्रीय खेल दिवस पर हमीरपुर साई नेशनल सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में खेल प्रतिभाओं का सम्मान, अनुराग ठाकुर ने मेजर ध्यानचंद को किया नमन

हमीरपुर/विवेकानंद वशिष्ठ:-  राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर पूर्व केंद्रीय कैबिनेट मंत्री एवं हमीरपुर सांसद अनुराग सिंह ठाकुर ने आज साई नेशनल सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (NCOE), हमीरपुर में आयोजित समारोह में भाग लिया और महान हॉकी खिलाड़ी मेजर ध्यानचंद को श्रद्धांजलि अर्पित की।

उन्होंने कहा कि ध्यानचंद की विरासत केवल उनके पदकों और भारत की जीत तक सीमित नहीं है, बल्कि अनुशासन, समर्पण, दृढ़ता और राष्ट्रभक्ति जैसे मूल्यों की प्रेरणा भी है।

खेलो इंडिया 2.0 स्कूल से ओलंपिक पोडियम तक तैयार करेगा खिलाड़ियों की पूरी विकास यात्रा

अनुराग सिंह ठाकुर ने कहा कि राष्ट्रीय खेल दिवस देश में खेल संस्कृति को मजबूत करने और हर बच्चे को अपनी खेल प्रतिभा पहचानने तथा उसे निखारने का अवसर देने के संकल्प को दोहराने का अवसर है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में खेलों के प्रति सोच और व्यवस्था दोनों में व्यापक बदलाव आया है।

उन्होंने बताया कि युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय का बजट वर्ष 2014-15 में 1,643 करोड़ रुपये से बढ़कर वर्ष 2026-27 में 4,479.88 करोड़ रुपये हो गया है। उन्होंने ग्लासगो में आयोजित 2026 राष्ट्रमंडल खेलों में भारत के प्रदर्शन का उल्लेख करते हुए कहा कि सीमित स्वरूप में आयोजित इन खेलों में भारत ने केवल 10 खेल विधाओं में भाग लिया और कई पारंपरिक पदक जीतने वाली विधाएं शामिल नहीं थीं। इसके बावजूद भारत ने 13 स्वर्ण, 17 रजत और 9 कांस्य सहित कुल 39 पदक जीतकर चौथा स्थान हासिल किया।

उन्होंने कहा कि मुक्केबाजी, एथलेटिक्स, भारोत्तोलन और जूडो जैसी विधाओं में भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन देश में खेल प्रतिभाओं की बढ़ती गहराई को दर्शाता है।

 

हमीरपुर साई नेशनल सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बन रहा खेल प्रतिभाओं का मजबूत केंद्र

 

अनुराग ठाकुर ने साई नेशनल सेंटर ऑफ एक्सीलेंस हमीरपुर की उपलब्धियों की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि केंद्र में वर्तमान में एथलेटिक्स, बैडमिंटन, मुक्केबाजी, हॉकी, जूडो और कुश्ती सहित छह खेल विधाओं के खिलाड़ियों को प्रशिक्षण एवं सहयोग मिल रहा है।

 

उन्होंने बताया कि केंद्र की खिलाड़ी मानसी सिंह ने ऑल इंडिया सीनियर रैंकिंग बैडमिंटन टूर्नामेंट में स्वर्ण पदक जीता है। इसके अलावा हिमाचल प्रदेश सीनियर स्टेट बैडमिंटन चैंपियनशिप में केंद्र के खिलाड़ियों ने नौ पदक हासिल किए हैं। केंद्र के जूडो खिलाड़ियों ने भी खेलो इंडिया प्रतियोगिताओं में उल्लेखनीय प्रदर्शन किया है।

 

*खेलो इंडिया 2.0 से तैयार होगी चैंपियन बनाने वाली पूरी व्यवस्था*

 

हाल ही में स्वीकृत खेलो इंडिया 2.0 को भारतीय खेल व्यवस्था में महत्वपूर्ण बदलाव बताते हुए अनुराग ठाकुर ने कहा कि इसका उद्देश्य केवल प्रतियोगिताओं को बढ़ावा देना नहीं, बल्कि स्कूल और जमीनी स्तर से लेकर ओलंपिक पोडियम तक खिलाड़ी के संपूर्ण विकास की व्यवस्था तैयार करना है।

 

उन्होंने विशेष रूप से खेलो इंडिया फीडर स्कूल्स की शुरुआत का स्वागत करते हुए कहा कि इससे स्कूलों को खेल व्यवस्था से जोड़ा जाएगा और कम उम्र में प्रतिभाओं की पहचान कर उन्हें व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाया जा सकेगा।

 

उन्होंने कहा कि Emerging Khelo India Athletes (E-KIA) पूल का विस्तार, शिक्षा के साथ खेलों का एकीकरण, वैज्ञानिक प्रतिभा पहचान, स्पोर्ट्स साइंस, तकनीक आधारित खिलाड़ी निगरानी तथा फाउंडेशन और ग्रासरूट स्तर से लेकर एलीट प्रशिक्षण तक की संरचित व्यवस्था भारत को भविष्य के चैंपियन खिलाड़ियों की बड़ी पौध तैयार करने में मदद करेगी।

 

वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक खेलो इंडिया 2.0 के लिए 36,441 करोड़ रुपये के आवंटन का उल्लेख करते हुए अनुराग ठाकुर ने कहा कि इसका लक्ष्य स्पष्ट है—भारत में ऐसी मजबूत खेल व्यवस्था खड़ी करना जो लगातार चैंपियन तैयार करे।

 

उन्होंने कहा, खेलो इंडिया 2.0 केवल चैंपियन खोजने की योजना नहीं है, बल्कि चैंपियन तैयार करने वाली पूरी व्यवस्था खड़ी करने का प्रयास है।

 

 

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